महराजगंज 24 नवंबर 2025, जिलाधिकारी संतोष कुमार शर्मा की अध्यक्षता में जिला पोषण समिति की समीक्षा बैठक कलेक्ट्रेट सभागार में सम्पन्न हुई।
जिलाधिकारी ने बाल वाटिकाओं के संचालन, प्रधानमंत्री मातृ वंदन योजना, गम्भीर कुपोषित (SAM) एवं मध्यम कुपोषित (MAM) बच्चों की पहचान, उपचार तथा पोषण पुनर्वास केंद्र में भर्ती बच्चों के स्वास्थ्य की समीक्षा की।
जिलाधिकारी ने सक्षम आंगनवाड़ी केंद्र के तहत चयनित समस्त केंद्रों में कायाकल्प का कार्य शुरू न होने पर कड़ी नाराजगी जताते हुए कहा कि यदि एक सप्ताह में कार्य शुरू नहीं होता है तो संबंधित सचिव का एक इंक्रीमेंट रोकने की कार्यवाही सुनिश्चित की जाए। उन्होंने पूर्ण सक्षम आंगनवाड़ी केंद्रों पर एलईडी न लगाए जाने को लेकर भी असंतोष व्यक्त करते हुए अपर मुख्य सचिव आईसीडीएस को पत्र प्रेषित करने का निर्देश दिया।
जिलाधिकारी ने समस्त सीडीपीओ को निर्देशित किया कि ई केवाईसी प्रतिशत में बढ़ोत्तरी करने हेतु निर्देश देते हुए कहा कि आगामी बैठक में ई केवाईसी प्रतिशत में वृद्धि सुनिश्चित कराएं। इसी प्रकार प्रधानमंत्री मातृ वंदन योजना में लक्ष्य के सापेक्ष गर्भवती महिलाओं का पंजीकरण कम होने पर सीडीपीओ को फटकार लगाते हुए 90 प्रतिशत से कम प्रगति वाले सीडीपीओ को स्पष्टीकरण जारी करने हेतु निर्देशित किया। परतावल, सदर, मिठौरा और बृजमनगंज का पंजीकरण 90 प्रतिशत से ऊपर रहा। उन्होंने कहा कि इस योजना के अंतर्गत प्रथम प्रसव पर मिलने वाला लाभ तत्काल प्रभाव से दिलाया जाय तथा शेष लाभ भी उन्हें समय से दिलाने पर जोर दिया। उन्होंने गर्भवती महिलाओं के एएनसी संतोषजनक न होने पर नाराजगी व्यक्त की
जिलाधिकारी ने आंगनबाड़ी केंद्रों में बच्चों के वजन, लंबाई एवं पोषण स्थिति के अद्यतन आंकड़े समय से अपलोड करने हेतु निर्देशित किया। उन्होंने सैम व मैम बच्चों के स्वास्थ्य में सीएम डैशबोर्ड पर सी ग्रेड मिलने पर कड़ी नाराजगी जताते हुए सभी सीडीपीओ को चेतावनी देते हुए कहा कि यदि सैम–मैम बच्चों के स्वास्थ्य में अपेक्षित सुधार नहीं होता है तो आंगनबाड़ी कार्यकत्री से लेकर सीडीपीओ तक की जवाबदेही तय की जाएगी।
जिलाधिकारी ने कहा कि बच्चों और महिलाओं का स्वास्थ्य शासन की शीर्ष प्राथमिकताओं में सम्मिलित है। इसमें किसी भी स्तर पर शिथिलता क्षम्य नहीं है। उन्होंने जिला कार्यक्रम अधिकारी को निर्देशित किया कि सभी योजनाओं की नियमित समीक्षा कर प्रगति सुनिश्चित करें। यदि किसी स्तर पर शिथिलता बरती जा रही है तो कठोरतम कार्यवाही करें।
इस अवसर सीएमओ डॉ श्रीकांत शुक्ला, जिला कार्यक्रम अधिकारी दुर्गेश कुमार, डीपीआरओ श्रेया मिश्रा। जिला सूचना अधिकारी प्रभाकर मणि त्रिपाठी सहित समस्त सीडीपीओ व संबंधित लोग उपस्थित रहे।





















